राशिचक्र की तीसरी राशि मिथुन तत्‍व: वायु गुण: अस्थिर रंग: हरा और पीला दिन: बुधवार स्‍वामी ग्रह: बुध मित्र राशि: तुला कुंभ और धनु मिथुन राशि के लोग नई नई चीजे सीखने और करने के शौकीन होते हैं और इनकी यही प्रकृति इनके प्रेम संबंधों में भी दिखाई देती है।

राशिचक्र की दूसरी राशि वृषभ तत्‍व: पृथ्‍वी गुण: स्थिर रंग: सफेद, हरा और गुलाबी दिन: शुक्रवार और सोमवार स्‍वामी ग्रह: शुक्र मित्र राशि: कन्‍या मकर और वृश्चिक वृषभ राशि: स्‍वाभाव से मेहनती व पार्टी पिपुल होते हैं लेकिन बात अगर प्रेम संबंधों की हो तो इनती अति कामेच्‍छा इनके लिए

तत्‍व : अग्‍नि गुण: मूल रंग: लाल दिन: मंगलवार स्‍वामी ग्रह: मंगल मित्र राशि: सिंह, धनु और तुला मेष राशि के लोग शक्तिशाली होते हैं और ये हावी होकर प्‍यार करना पसंद करते हैं। इन्‍हें अपने साथी को खुश रखना बहुत अच्‍छे से आता है। दृढ संकल्‍प, उत्‍साह और ईमानदारी

राशि रत्‍न धारण करने की परंपरा सदियों पुरानी है। राशि अनुसार रत्‍न धारण करने से भाग्‍य को मजबूती मिलती है। यह व्‍यक्ति को मन से मजबूत बनाता है। व्‍यक्ति के जीवन में राशि का बड़ा महत्‍व होता है। यह राशि और राशि स्‍वामी ग्रह ही जीवन की ऊंची नीची स्थिति